हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी सभी लोगों के लिए है जरूरी, जानिए इससे जुड़ी महत्वपूर्ण बातें

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वर्तमान समय में सभी लोग अपनी सेहत को लेकर काफी सजग रहते हैं परंतु कहीं ना कहीं उनसे गलती हो जाती है, जिसका खामियाजा उनको भुगतना पड़ जाता है, अगर आप बढ़ती उम्र में बीमारियों के इलाज पर आने वाले खर्चे से वित्तीय सुरक्षा चाहते हैं तो इसके लिए Health Insurance Policy एक सही विकल्प है।

आजकल लोगों का जीवन काफी व्यस्त हो गया है और जैसे-जैसे लोगों की उम्र बढ़ती जा रही है वैसे-वैसे उनको कई प्रकार की बीमारियां होने लगती है, बदलती जीवनशैली और गलत खानपान के वजह से लोग काफी गंभीर बीमारियों से ग्रस्त हो जाते हैं, जिसके इलाज में अधिक पैसे खर्च होते हैं और कई लोग ऐसे होते हैं जो लगातार बढ़ते मेडिकल खर्च को देखते हुए जल्द से जल्द Health Insurance Policy लेने में ही समझदारी समझते हैं।

आजकल के समय में सेहत पर खर्चा लगातार बढ़ता जा रहा है, मामूली से मामूली बीमारियों के इलाज में भी लोगों के लाखों रुपए खर्च हो रहे हैं, ऐसी स्थिति में Health Insurance Policy लेना बहुत ही जरूरी है ताकि आपकी जेब पर पड़ने वाले भार को कम करने में सहायता मिल सके।

Health Insurance Policy Jarurat Kyu Hoti Hai

अब आपके मन में यह सवाल उत्पन्न हो रहा होगा कि आखिर हमको Health Insurance Policy की आवश्यकता क्यों है? परंतु आपको बता दें कि केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग के आंकड़े बताते हैं कि मेडिकल इमरजेंसी के मामलों में 80 फ़ीसदी केस ऐसे होते हैं जिनमें पैसों की कमी की वजह से वह केस बिगड़ जाते हैं, अगर किसी स्थिति में किसी प्रकार की दुर्घटना हो जाती है तो इसके इलाज में अधिक पैसा खर्च होता है, इतना ही नहीं बल्कि किसी भी दुर्घटना में व्यक्ति की कमाने की क्षमता भी घट जाती है, अगर इस हिसाब से देखा जाए तो दुर्घटनाग्रस्त व्यक्ति के ऊपर दोहरी मार पड़ जाती है।

अगर आप हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी लेते हैं तो ऐसी स्थिति में आपको बहुत बड़ी मदद मिल सकती है, आप हेल्थ इंश्योरेंस के लिए नियमित अंतराल पर थोड़ा-थोड़ा प्रीमियम चुका कर खुद के लिए मेडिकल खर्च की व्यवस्था कर सकते हैं, वर्तमान समय में यह सभी लोगों के लिए आवश्यक है।

Health Insurance Policy se Judi Huyi Important Jankari

1. आजकल के समय में भी ऐसे बहुत से लोग होते हैं जो मेडिक्लेम या फिर Health Insurance Policy को पैसों की बर्बादी समझते हैं, परंतु आपका यह सोचना बिल्कुल गलत है, विशेषज्ञों का ऐसा बताना है कि अगर आपको इसका क्लेम लेने की आवश्यकता ना पड़े तो बहुत बेहतर है, परंतु हर व्यक्ति को अपने स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहना चाहिए, अगर आप अपनी सेहत के प्रति सजग है तो इसके अलावा और कोई विकल्प आपके पास नहीं है, कभी ना कभी आपको इसकी जरूरत अवश्य पड़ सकती है, जरूरत के समय पर आपके ऊपर वित्तीय बोझ अधिक नहीं रहेगा, अगर आप मामूली सा प्रीमियम चुकाने के पश्चात ₹5 लाख या फिर ₹7 लाख का हेल्थ कवर लेते हैं तो यह बहुत ही समझदारी की बात होती है।

2. अगर आप कोई हेल्थ इंश्योरेंस प्लान लेते हैं तो आपको कुछ बातों का ध्यान रखना बहुत ही जरूरी है, आपको सबसे पहले उसकी शर्त को ध्यान से समझने की जरूरत है, अगर आप खुद पढ़ कर समझ नहीं पा रहे हैं तो ऐसी स्थिति में आप किसी भी जानकार की सहायता ले सकते हैं, आप ऑनलाइन सभी साइट पर जाकर तुलना कीजिए और सभी कंपनियों के प्लान की जानकारी विस्तार पूर्वक हासिल करें।
अगर आप Health Insurance Policy को ठीक प्रकार से समझ लेंगे तो आपके लिए बहुत ही बेहतर रहेगा, उसके पश्चात आप प्रीमियम चुकाएं गंभीर बीमारियों या फिर पहले से मौजूद बीमारियों और दुर्घटना के मामले में कंपनी की देनदारी को ठीक प्रकार से समझने के बाद ही आप कोई प्लान लीजिए।

3. अगर आप जितनी जल्दी हेल्थ कवर लेते हैं तो आपको कम प्रीमियम चुकाना पड़ता है, मान लीजिए अगर आप 40 उम्र से पहले हेल्थ कवर लेते हैं तो आपको बिना शर्त के अधिकतम फायदा मिलता है, आमतौर पर युवाओं को कम बीमारियां रहती है, इसी वजह से बीमा देने वाली कंपनियां ऐसे लोगों को कम प्रीमियम में प्लान देती है, अगर आप हर वर्ष समय पर इसको रिन्यू करवाते रहेंगे तो आपको नो क्लेम बोनस का भी लाभ मिलेगा, मध्य आय वर्ग के शादीशुदा लोगों को कम से कम ₹500000 का कवर लेना बेहतर होता है।

4. अगर आप Health Insurance Policy लेते हैं तो उस दौरान आप बीमा कंपनियों को अपने मेडिकल के बारे में सही-सही जानकारी मुहैया कराएं, अगर आप अपनी तरफ से कोई गलत जानकारी बीमा कंपनी को देते हैं तो इस स्थिति में स्वास्थ्य बीमा कंपनी आपको क्लेम देने से साफ इंकार कर सकती है, जिसकी वजह से आपको किसी भी बीमारी के इलाज के दौरान परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

5. अगर आप हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी ले रहे हैं तो मेडिकल इंश्योरेंस में कुछ चीजें शामिल नहीं होती है, हर बीमा कंपनियों के नियम अपने अपने होते हैं और उसी के अनुसार ही यह कंपनी पॉलिसी डिजाइन करती है, पॉलिसी में क्या शामिल है और क्या शामिल नहीं है? इन सभी बातों का पॉलिसी खरीदने से पहले ठीक प्रकार से समझ लेना चाहिए, कुछ पॉलिसी ऐसी होती है जिनमें राइटर के तहत गंभीर बीमारियों का कवर लिया जा सकता है परंतु कुछ घरेलू कारण से कोई दुर्घटना हो जाती है तो इस स्थिति में कवरेज नहीं मिल पाता है, इसलिए आप पॉलिसी खरीदते समय सभी बातों को ठीक प्रकार से समझ लीजिए, अगर आपको कोई बात समझ नहीं आ रही है तो आप उसको क्लियर करें

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